ओं कुबेराय नमः |
ओं धनदाय नमः |
ओं श्रीमते नमः |
ओं यक्षेशाय नमः |
ओं गुह्यकेश्वराय नमः |
ओं निधीशाय नमः |
ओं शङ्करसखाय नमः |
ओं महालक्ष्मीनिवासभुवे नमः |
ओं महापद्मनिधीशाय नमः | ९
ओं पूर्णाय नमः |
ओं पद्मनिधीश्वराय नमः |
ओं शङ्खाख्यनिधिनाथाय नमः |
ओं मकराख्यनिधिप्रियाय नमः |
ओं सुकच्छपनिधीशाय नमः |
ओं मुकुन्दनिधिनायकाय नमः |
ओं कुन्दाख्यनिधिनाथाय नमः |
ओं नीलनिध्यधिपाय नमः |
ओं महते नमः | १८
ओं खर्वनिध्यधिपाय नमः |
ओं पूज्याय नमः |
ओं लक्ष्मिसाम्राज्यदायकाय नमः |
ओं इलाविडापुत्राय नमः |
ओं कोशाधीशाय नमः |
ओं कुलाधीशाय नमः |
ओं अश्वारूढाय नमः |
ओं विश्ववन्द्याय नमः |
ओं विशेषज्ञाय नमः | २७
ओं विशारदाय नमः |
ओं नलकूबरनाथाय नमः |
ओं मणिग्रीवपित्रे नमः |
ओं गूढमन्त्राय नमः |
ओं वैश्रवणाय नमः |
ओं चित्रलेखामनःप्रियाय नमः |
ओं एकपिञ्छाय नमः |
ओं अलकाधीशाय नमः |
ओं पौलस्त्याय नमः | ३६
ओं नरवाहनाय नमः |
ओं कैलासशैलनिलयाय नमः |
ओं राज्यदाय नमः |
ओं रावणाग्रजाय नमः |
ओं चित्रचैत्ररथाय नमः |
ओं उद्यानविहाराय नमः |
ओं विहारसुकुतूहलाय नमः |
ओं महोत्साहाय नमः |
ओं महाप्राज्ञाय नमः | ४५
ओं सदापुष्पकवाहनाय नमः |
ओं सार्वभौमाय नमः |
ओं अङ्गनाथाय नमः |
ओं सोमाय नमः |
ओं सौम्यादिकेश्वराय नमः |
ओं पुण्यात्मने नमः |
ओं पुरुहूत श्रियै नमः |
ओं सर्वपुण्यजनेश्वराय नमः |
ओं नित्यकीर्तये नमः | ५४
ओं निधिवेत्रे नमः |
ओं लङ्काप्राक्धननायकाय नमः |
ओं यक्षिणीवृताय नमः |
ओं यक्षाय नमः |
ओं परमशान्तात्मने नमः |
ओं यक्षराजाय नमः |
ओं यक्षिणी हृदयाय नमः |
ओं किन्नरेश्वराय नमः |
ओं किम्पुरुषनाथाय नमः | ६३
ओं नाथाय नमः |
ओं खड्गायुधाय नमः |
ओं वशिने नमः |
ओं ईशानदक्षपार्श्वस्थाय नमः |
ओं वायुवामसमाश्रयाय नमः |
ओं धर्ममार्गैकनिरताय नमः |
ओं धर्मसम्मुखसंस्थिताय नमः |
ओं वित्तेश्वराय नमः |
ओं धनाध्यक्षाय नमः | ७२
ओं अष्टलक्ष्म्याश्रितालयाय नमः |
ओं मनुष्यधर्मिणे नमः |
ओं सत्कृताय नमः |
ओं कोशलक्ष्मी समाश्रिताय नमः |
ओं धनलक्ष्मी नित्यनिवासाय नमः |
ओं धान्यलक्ष्मी निवासभुवे नमः |
ओं अष्टलक्ष्मी सदावासाय नमः |
ओं गजलक्ष्मी स्थिरालयाय नमः |
ओं राज्यलक्ष्मी जन्मगेहाय नमः | ८१
ओं धैर्यलक्ष्मी कृपाश्रयाय नमः |
ओं अखण्डैश्वर्य सम्युक्ताय नमः |
ओं नित्यानन्दाय नमः |
ओं सागराश्रयाय नमः |
ओं नित्यतृप्ताय नमः |
ओं निधिधात्रे नमः |
ओं निराश्रयाय नमः |
ओं निरुपद्रवाय नमः |
ओं नित्यकामाय नमः | ९०
ओं निराकाङ्क्षाय नमः |
ओं निरुपाधिकवासभुवे नमः |
ओं शान्ताय नमः |
ओं सर्वगुणोपेताय नमः |
ओं सर्वज्ञाय नमः |
ओं सर्वसम्मताय नमः |
ओं सर्वाणिकरुणापात्राय नमः |
ओं सदानन्दकृपालयाय नमः |
ओं गन्धर्वकुलसंसेव्याय नमः | ९९
ओं सौगन्धिककुसुमप्रियाय नमः |
ओं स्वर्णनगरीवासाय नमः |
ओं निधिपीठसमाश्रयाय नमः |
ओं महामेरूत्तरस्थायिने नमः |
ओं महर्षिगणसंस्तुताय नमः |
ओं तुष्टाय नमः |
ओं शूर्पणखा ज्येष्ठाय नमः |
ओं शिवपूजारताय नमः |
ओं अनघाय नमः | १०८
इति श्री कुबेर अष्टोत्तरशतनामावली ||